
जागरूकता कार्यशाला: महिलाओं और बालिकाओं को मिली पॉक्सो एवं पोश अधिनियम पर कानूनी जानकारी
बलौदाबाजार-भाटापारा। गृहणी स्वयंसेवी संस्था द्वारा महिलाओं एवं बालिकाओं को पॉक्सो (POCSO) और पोश (POSH) अधिनियम के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से सिमगा क्षेत्र में जनजागरूकता अभियान की कार्ययोजना तैयार की गई है। अभियान के प्रथम चरण में जिले के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों की महिलाओं और बालिकाओं को कानूनों की जानकारी देने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं और बालिकाओं के साथ उत्पीड़न की घटनाएं प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से सामने आती रहती हैं। कई मामलों में संबंधित कानूनों और अधिकारों की जानकारी नहीं होने के कारण पीड़ित पक्ष अपनी आवाज नहीं उठा पाता। इसी को ध्यान में रखते हुए संस्था ने पंचायत स्तर, स्वयं सहायता समूहों और स्कूलों की छात्राओं तक जागरूकता पहुंचाने की पहल की है।

अभियान के सफल संचालन के लिए देश की प्रमुख संस्थाओं को नॉलेज पार्टनर के रूप में जोड़ा गया है। इसी क्रम में प्रारंभिक कार्ययोजना को लेकर गृहणी संस्था के महिला सशक्तिकरण भवन कुथरौद में बैठक आयोजित की गई। इसमें संस्था के कार्यकारिणी सदस्यों के साथ आसपास की स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि, जनपद एवं जिला पंचायत के अधिकारी तथा करीब 50 महिलाओं ने सहभागिता की।
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कार्यशाला में गृहणी संस्था की प्रमुख रूपा श्रीवास्तव ने पावरपॉइंट प्रेजेंटेशन, प्रिंटेड मटीरियल, गेम्स और रोल-प्ले के माध्यम से प्रतिभागियों को पॉक्सो एवं पोश अधिनियम के प्रावधानों, अधिकारों और आवश्यक सावधानियों की जानकारी दी। कार्यक्रम के माध्यम से महिलाओं और बालिकाओं को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होने तथा किसी भी प्रकार के उत्पीड़न की स्थिति में उचित स्तर पर आवाज उठाने के लिए प्रेरित किया गया।
गांव स्तर तक पहुंचेगा जागरूकता अभियान
संस्था की कार्ययोजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में पॉक्सो एवं पोश अधिनियम को लेकर व्यापक जागरूकता फैलाने, गांवों में सुरक्षित वातावरण तैयार करने और स्थानीय स्तर पर सहायता उपलब्ध कराने के लिए विषय विशेषज्ञ तैयार किए जाएंगे। इसके साथ ही ब्लॉक स्तर पर संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर शासन की भागीदारी से प्रभावी नेटवर्क विकसित करने की योजना है।
संस्था की प्रमुख रूपा श्रीवास्तव ने बताया कि कार्ययोजना को स्थानीय आवश्यकताओं के अनुसार समय-समय पर और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा। उद्देश्य है कि पॉक्सो एवं पोश अधिनियम से जुड़ी जानकारी गांव-गांव तक पहुंचे और महिलाओं एवं बालिकाओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए मजबूत संवाद एवं सहयोग तंत्र तैयार हो सके।
Author: UnfearNews
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